मंझौल बेगूसराय ::–
अविनाश कुमार गुप्ता ::–
बूढ़ी गंडक नदी में जलस्तर बढ़ने से तटबंध पर दबाव बढ़ गया है। जिस कारण चेरिया बरियारपुर एवं खोदावंदपुर प्रखंड में कहीं-कहीं बांध से पानी रिसने की खबर आते रहती है। प्रशासनिक तत्परता के कारण, इस रिसाव को तुरंत ठीक कर लिया जाता है एवं इसका सही मॉनिटरिंग किया जा रहा है। मंझौल अनुमंडल मुख्यालय अंतर्गत पबड़ा गांव में मंगलवार की संध्या बाएं तटबंध मे रिसाव की खबर से अफरा-तफरी मच गई. सूचना मिलते ही बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के जेई संतोष कुमार रिसाव स्थल पर पहुंचे. तथा युद्ध स्तर पर रिसाव पर काबू पाने में पूरी तन्मयता से जुट गए.
इस दौरान गांव के बुद्धिजीवियों ने भी रिसाव पर काबू पाने में अहम योगदान दिया. तथा मजदूरों के साथ कंधा से कंधा मिलाकर रिसाव को काबू करने हेतु डटे रहे. बताया जाता है दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रिसाव पर काबू पा लिया गया. बताया जाता है नदी के जलस्तर मे लगातार वृद्धि जारी है. जिसके फलस्वरूप स्थानीय लोगों मे बेचैनी बढ़ती जा रही है. तटबंध से सटे विभिन्न पंचायतों के लोग रात्रि में ठीक से सो नहीं पा रहे हैं.
नदी के विकराल रूप को देखकर लोगों मे भय और दहशत का माहौल देखा जा रहा है. लोगों का कहना है कि लगातार बारिश भी हो रही है. जिसके फलस्वरूप किसी तरह की अनहोनी कब हो जाय, ये बताना मुश्किल है. 2007 मे बसही पंचायत मे हुई बाढ़ की विभिषिका को लोग भुला नहीं पाए हैं. जैसे ही तटबंध मे रिसाव की खबर मिलती है. लोग बसही की विभिषिका के मंजर को याद कर सहम उठते हैं.
वहीं पुनः आज बुधवार की अहले सुबह 5 बजे पूर्व के रिसाव स्थल से सौ मीटर की दूरी पर दूसरी जगह रिसाव प्रारंभ हो गया. सूचना मिलते ही बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारियों के साथ स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंच रिसाव पर काबू पाने में जुट गए. जेई ने बताया रिसाव पर काबू पा लिया गया है.
पबड़ा गांव स्थित बुढ़ी गंडक नदी के बाएं तटबंध मे रिसाव की खबर पर बुधवार को स्थानीय अधिकारियों का दल तटबंध पर पहुंच वस्तु स्थिति का जायजा लिया. निरीक्षण के क्रम मे अनुमंडलाधिकारी दुर्गेश कुमार, बीडीओ कर्पूरी ठाकुर, सीओ राजीव रंजन चक्रवर्ती ने रिसाव स्थल को देखा. तथा उपस्थित अधिकारियों को विभिन्न दिशा निर्देश दिए.
इस दौरान एसडीएम ने बसौना मोड़ सहित विभिन्न संवेदनशील स्थलों का जायजा लिया. एसडीएम ने बताया तटबंध के तल मे पानी पहुंच जाने के कारण एक दो जगह पानी का रिसाव हुआ है. जिसे समय रहते बाढ़ नियंत्रण में लगे अधिकारियों के साथ ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों के सहयोग से काबू कर लिया गया है.
बुढ़ी गंडक के बढ़ते जलस्तर पर स्थानीय प्रशासन की पैनी नजर है. तटबंध पर लाइटिंग की व्यवस्था के साथ पर्याप्त मात्रा में मजदूर एवं होमगार्ड के जवानों को लगाया गया है. प्रशासन के द्वारा हरेक परस्थिति से निबटने के लिए चाक चौबंद व्यवस्था की गई है. वहीं लोगों को अफवाह से बचने की अपील की. बोले जलस्तर खतरे के निशान से उपर चल गया है. परंतु घबराने की कोई जरूरत नहीं है. बल्कि संयम के साथ हर समय सतर्क रहने की आवश्यकता है. प्रशासन हरेक परस्थिति मे स्थानीय लोगों के साथ खड़ी है.
रिसाव को काबू करने के लिए बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारियों को मरम्मती हेतु जीओ बैग के साथ आवश्यक सामग्री उपलब्ध करा दी गई है. इसलिए लोगों को डरने के बजाय सजग रहने की आवश्यकता है.

